योगी आदित्यनाथ ने वाराणसी में ऐसा दृश्य पेश किया, जिसने हर किसी का दिल छू लिया। ‘स्कूल चलो अभियान’ की शुरुआत के मौके पर मुख्यमंत्री खुद बच्चों के बीच पहुंचे और जमीन पर बैठकर उन्हें मिड-डे मील परोसा।
यह खास कार्यक्रम वाराणसी के शिवपुर स्थित एक कंपोजिट स्कूल में आयोजित किया गया, जहां बच्चों की खुशी देखते ही बन रही थी।
बच्चों को अपने हाथों से खिलाया खाना
सीएम योगी ने बड़े स्नेह के साथ बच्चों को मिड-डे मील परोसा और उनसे बातचीत भी की।
“रोज स्कूल आओ, मन लगाकर पढ़ाई करो और आगे बढ़ो” — सीएम योगी
- बच्चे मुस्कुराते हुए खाना खाते नजर आए
- कई बच्चों ने हाथ जोड़कर मुख्यमंत्री का अभिवादन किया
- माहौल पूरी तरह भावुक और प्रेरणादायक बन गया
किताबें, बैग और चॉकलेट पाकर खिल उठे चेहरे
कार्यक्रम के दौरान बच्चों को नए सत्र की पढ़ाई के लिए जरूरी सामग्री भी दी गई।
- स्कूल बैग और किताबें वितरित की गईं
- गिफ्ट और चॉकलेट देकर बच्चों को खुश किया गया
- विकास, अंशिका, श्रेया, कजरी, दीपशिखा जैसे बच्चों के चेहरे खुशी से चमक उठे
👉 बच्चों की मासूम मुस्कान ने पूरे कार्यक्रम को यादगार बना दिया।
निपुण स्कूलों को मिला सम्मान
इस मौके पर जिले के 5 निपुण स्कूलों को प्रमाण-पत्र देकर सम्मानित किया गया।
सम्मानित शिक्षकों में शामिल रहे:
- कपिल देव (नयापुर सेवापुरी)
- सुष्मिता भारती (शगुनहा बड़ागांव)
- शशिकांत सिंह (फरीदपुर चिरईगांव)
- नीतू यादव (भतसार अराजीलाइन)
- प्रीति त्रिवेदी (महमूरगंज)
👉 शिक्षकों को मंच पर बुलाकर सम्मानित किया गया, जिससे उनका मनोबल और बढ़ा।
सांस्कृतिक कार्यक्रम से हुआ स्वागत
कार्यक्रम की शुरुआत में:
- बेसिक शिक्षा मंत्री संदीप सिंह ने अतिथियों का स्वागत किया
- आर्य महिला इंटर कॉलेज की छात्राओं ने सरस्वती वंदना प्रस्तुत की
इस आयोजन ने शिक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने के साथ-साथ बच्चों को प्रेरित करने का संदेश भी दिया।
क्या है ‘स्कूल चलो अभियान’?
‘स्कूल चलो अभियान’ का उद्देश्य अधिक से अधिक बच्चों को स्कूल से जोड़ना और ड्रॉपआउट दर को कम करना है।
- हर बच्चे तक शिक्षा पहुंचाना
- नियमित उपस्थिति को बढ़ावा देना
- बुनियादी सुविधाओं में सुधार

