Iran War Donald Trump Objectives: 28 फरवरी से शुरू हुआ ईरान युद्ध अब तीसरे सप्ताह में प्रवेश कर चुका है. इस युद्ध के फिलहाल समाप्त होने के आसार नजर नहीं आ रहे हैं, लेकिन अमेरिकी राष्ट्रपति ने संकेत दिए हैं कि ईरान के खिलाफ सैन्य अभियान को कम किया जा सकता है. शुक्रवार को पत्रकारों से बातचीत में ट्रंप ने कहा कि अमेरिका मिडिल ईस्ट में अपने सैन्य लक्ष्यों को हासिल करने के करीब पहुंच गया है. हालांकि, उन्होंने ईरान के साथ चल रहे संघर्ष में युद्धविराम (सीजफायर) की संभावना से साफ इनकार कर दिया. ट्रंप ने अन्य देशों से होर्मुज स्ट्रेट की सुरक्षा की जिम्मेदारी लेने का आग्रह किया.
अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर पोस्ट में ट्रंप ने कहा कि कई हफ्तों की तीखी लड़ाई के बाद अमेरिका अपने सैन्य अभियान को समेटने पर विचार कर रहा है. उन्होंने दावा किया कि अमेरिका ने कई अहम उपलब्धियां हासिल की हैं और यह भी दोहराया कि वह ईरान को कभी परमाणु हथियार विकसित नहीं करने देगा. ट्रंप ने कहा, ‘हम ईरान के आतंकी शासन के खिलाफ मिडिल ईस्ट में अपने बड़े सैन्य प्रयासों को समेटने पर विचार कर रहे हैं और अपने लक्ष्यों को हासिल करने के बहुत करीब हैं.’
ट्रंप के लक्ष्य क्या थे?
उन्होंने अपने लक्ष्यों को गिनाते हुए कहा-
- ईरान की मिसाइल क्षमता, लॉन्चर और उससे जुड़े सभी सिस्टम को पूरी तरह कमजोर करना.
- ईरान के रक्षा औद्योगिक ढांचे को नष्ट करना.
- उसकी नौसेना और वायुसेना को खत्म करना, जिसमें एंटी-एयरक्राफ्ट हथियार भी शामिल हैं.
- ईरान को कभी भी परमाणु क्षमता हासिल करने के करीब न आने देना और जरूरत पड़ने पर अमेरिका का तुरंत और ताकतवर जवाब देने की स्थिति में रहना.
- मिडिल ईस्ट में अपने सहयोगी देशों- इजरायल, सऊदी अरब, कतर, संयुक्त अरब अमीरात, बहरीन और कुवैत की सर्वोच्च स्तर पर सुरक्षा सुनिश्चित करना.

